दिल्ली के Jawaharlal Nehru University (जेएनयू) में छात्रों ने पश्चिम एशिया में जारी युद्ध के विरोध में कैंडल मार्च और सार्वजनिक चर्चा का आयोजन किया। छात्रों ने Gaza Strip और Iran में हो रही हिंसा को लेकर चिंता जताई और युद्ध समाप्त करने की मांग की।
जेएनयू में कैंडल मार्च
सोमवार रात करीब 10 बजे छात्रों ने गंगा ढाबा से कैंडल मार्च शुरू किया, जो सबरमती ढाबा तक गया। मार्च के दौरान छात्र हाथों में मोमबत्तियां और पोस्टर लिए हुए थे। कई छात्रों के पास Ali Khamenei की तस्वीरें भी थीं।
प्रदर्शनकारियों ने Gaza Strip के लोगों के समर्थन में पोस्टर उठाए और Benjamin Netanyahu की गिरफ्तारी की मांग की। साथ ही उन्होंने Donald Trump और इज़राइल की नीतियों की आलोचना करते हुए युद्ध और हिंसा के खिलाफ नारे लगाए।
छात्रों ने लगाए नारे
कैंडल मार्च के दौरान छात्रों ने अमेरिका और इज़राइल की नीतियों के खिलाफ नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों ने फिलिस्तीन और ईरान के लोगों के साथ एकजुटता जताते हुए “गाजा जिंदाबाद” और “ईरान डटे रहो” जैसे नारे भी लगाए।
सबरमती ढाबा पर सार्वजनिक चर्चा
मार्च के बाद सबरमती ढाबा पर एक सार्वजनिक चर्चा आयोजित की गई। इसमें श्रीनगर से सांसद Aga Syed Ruhullah Mehdi और लद्दाख से सांसद Mohmad Haneef Jan ने छात्रों को संबोधित किया।
दोनों नेताओं ने ईरान और फिलिस्तीन पर हो रहे हमलों की निंदा करते हुए कहा कि इन घटनाओं में बड़ी संख्या में निर्दोष लोगों की जान गई है। उन्होंने युद्ध से प्रभावित लोगों के साथ एकजुटता जताने और शांति की दिशा में प्रयास करने की जरूरत पर जोर दिया।
शांति और न्याय की मांग
आयोजकों का कहना था कि यह कैंडल मार्च और सार्वजनिक चर्चा युद्ध से प्रभावित आम नागरिकों के प्रति एकजुटता जताने के लिए आयोजित की गई थी। छात्रों ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से युद्ध रोकने और शांति तथा न्याय सुनिश्चित करने की अपील भी की।
