इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के अमेरिका दौरे के बीच वॉशिंगटन में फिलिस्तीन समर्थक प्रदर्शनकारियों ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। मंगलवार को बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतरे और नेतन्याहू के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने उन्हें ‘वॉर क्रिमिनल’ यानी ‘युद्ध अपराधी’ बताया और ‘फ्री फिलिस्तीन’ के नारे लगाए।
प्रदर्शनकारियों ने गाजा में इजरायल के सैन्य अभियान को खत्म करने की मांग की। साथ ही, उन्होंने अमेरिका से इजरायल को दिए जा रहे समर्थन को रोकने की अपील भी की। नेतन्याहू का यह अमेरिकी दौरा ऐसे समय में हो रहा है, जब वह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात करने वाले हैं।
इसी के साथ आपको बता दे की मीडिया रिपोर्टस के मुताबिक, ईरान के साथ युद्ध के बाद नेतन्याहू और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच तनाव बढ़ने की बात सामने आ रही है। वहीं, अमेरिका में इजरायल के लिए सार्वजनिक और राजनीतिक समर्थन में भी गिरावट का जिक्र किया गया है।
नेतन्याहू का दौरा रिपब्लिकन सीनेटर लिंडसे ग्राहम के अंतिम संस्कार के साथ भी हो रहा है। उन्हें इजरायल के सबसे मजबूत समर्थकों में से एक बताया गया है। रिपोर्ट में कहा गया है कि तेल अवीव में इस बात को लेकर चिंता बढ़ रही है कि राजनीतिक, सैन्य और चुनावी दबावों के चलते अमेरिका और इजरायल के संबंधों पर असर पड़ रहा है।
इस बीच, गाजा में जारी सैन्य अभियान को लेकर रिपोर्ट में फिलिस्तीनी स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों का हवाला दिया गया है। इसके मुताबिक, 10 अक्टूबर को युद्धविराम लागू होने के बाद से इजरायली हमलों में 1,207 फिलिस्तीनी मारे गए हैं, जबकि 3,914 लोग घायल हुए हैं। इसी अवधि के दौरान मलबे के नीचे से 803 शव भी बरामद किए गए हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, 7 अक्टूबर 2023 को इजरायल के सैन्य अभियान की शुरुआत के बाद से गाजा में फिलिस्तीनी मौतों का आंकड़ा बढ़कर 73,333 हो गया है, जबकि 174,023 लोग घायल हुए हैं। ऐसे में नेतन्याहू के अमेरिकी दौरे के दौरान वॉशिंगटन की सड़कों पर हुआ यह विरोध प्रदर्शन गाजा युद्ध और अमेरिका-इजरायल संबंधों को लेकर बढ़ते दबाव को सामने रखता है।
