ग़ाज़ा में हथियारबन्द लोगों द्वारा संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (UNICEF) के चार ट्रकों में लूटपाट किए जाने की ख़बर है, जिनमें हज़ारों बच्चों की कुपोषण से रक्षा के लिए खाद्य सामग्री लदी हुई थी. यूनीसेफ़ ने ग़ाज़ा के कुछ हिस्सों में अकाल और बढ़ते कुपोषण मामलों के मद्देनज़र, मानवीय सहायता आपूर्ति की हर हाल में रक्षा करने का आग्रह किया है.
यह घटना एक दिन पहले ग़ाज़ा सिटी में स्थित संगठन के परिसर के बाहर हुई. इसी इलाक़े में इसराइली सैन्य बलों के अभियान में तेज़ी आई है.
यूएन एजेंसी ने अपने वक्तव्य में बताया कि हथियारन्द व्यक्तियों ने ट्रक चालकों को बन्दूक की नोक पर तब तक रोके रखा जब तक इस्तेमाल के लिए तैयार खाद्य सामग्री को अपने क़ब्ज़े में नहीं ले लिया गया.
इस लूट से कम से कम 2,700 गम्भीर रूप से कुपोषित बच्चों के उपचार के लिए अहम खाद्य सामग्री को नकार दिया गया है.
यूनीसेफ़ के अनुसार, एक ऐसे समय में जब ग़ाज़ा के उत्तरी हिस्से में अकाल को घोषित किया जा चुका है और इसराइली सैन्य कार्रवाई से विस्थापन हो रहा है, ऐसी घटनाओं का बच्चों पर भयावह असर होगा.
यूएन एजेंसी ने ग़ाज़ा में सभी पक्षों से मानवीय आधार पर सहायता का सम्मान और अन्तरराष्ट्रीय मानवतावादी क़ानून का अनुपालन करने का आग्रह किया है.
“बच्चे इसका सबसे अधिक ख़ामियाज़ा भुगत रहे हैं.”
“अन्तत: एक सतत युद्धविराम आवश्यक है ताकि ऐसे माहौल को तैयार किया जा सके, जहाँ ऐसी घटनाएँ न होनें और सर्वाधिक ज़रूरतमन्दों तक सहायता पहुँचाई जा सके. त्वरि, सुरक्षित व कारगर ढंग से.”
विशाल आवश्यकताएँ
ग़ाज़ा सिटी में इसराइली सैन्य हमलों में तेज़ी की वजह से, बड़ी संख्या में लोग दक्षिणी इलाक़ों का रुख़ कर रहे हैं, जिससे पहले से ही दबाव झेल रही सेवाओं पर बोझ बढ़ रहा है.
यूएन महासचिव के प्रवक्ता स्तेफ़ान दुजैरिक ने शुक्रवार को बताया कि लोग अक्सर देर रात में पहुँच रहे हैं. कई लोग बिना भोजन, जल या आश्रय के घंटों पैदल चल कर ये सफ़र तय कर रहे हैं.
“तटीय अल राशिद सड़क पर भारी भीड़ है, जहाँ वाहन, खच्चर गाड़ी, टुक टुक और अन्य लोग हमलों में आई तेज़ी के बीच किसी तरह से दक्षिणी ग़ाज़ा की ओर जाने का प्रयास कर रहे हैं.”
पहले इसराइल ने एक अन्य सलाह अद दीन सड़क को इस्तेमाल में लाने की घोषणा की थी, जिसे मरम्मत की ज़रूरत थी चूँकि वहाँ से वाहनों का निकल पाना सम्भव नहीं था.
मगर, अब इसराइल ने इस पर भी रोक लगा दी है. और अल राशिद रोड से होकर ही आम नागरिक उत्तरी हिस्सा छोड़कर जा सकते हैं.
यूएन अपने साझेदार संगठनों के साथ मिलकर इन चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में ज़रूरतमन्द आबादी को राहत पहुँचाने के लिए प्रयासरत है.
इसके तहत, गुरूवार को दक्षिणी ग़ाज़ा में स्थित ख़ान युनिस में अनेक इलाक़ों की समीक्षा की गई जहाँ हाल के दिनों में विस्थापित पहुँचे हैं. उन्हें भोजन, जल, मेडिकल देखभाल, आश्रय की अत्यधिक आवश्यकता है.
