नई दिल्ली, 31 दिसंबर 2025, मुस्लिम यूथ ऑर्गेनाइजेशन ऑफ इंडिया (MYO) गाज़ियाबाद में हिंदू रक्षा दल के कुछ सदस्यों द्वारा सार्वजनिक रूप से तलवारें बाँटने की घटना पर गम्भीर चिंता व्यक्त करती है और इसकी पुरज़ोर निंदा करती हैं। इस तरह की गतिविधियाँ न केवल समाज में दंगे को भड़का सकती हैं, बल्कि इस्लाम, हिंदू धर्म और पूरे देश की सामाजिक संरचना के मूल्यों के ख़िलाफ़ भी हैं।
MYO के संयोजक मौलाना जफरुद्दीन बरकाती ने कहा कि हम यह स्पष्ट करना चाहते हैं कि हिंसा, कट्टरता या हथियारबाज़ी का समर्थन किसी भी धर्म, समुदाय या विचारधारा का हिस्सा नहीं हो सकता। लोकतांत्रिक भारत में सभी नागरिकों का समान अधिकार है कि वे शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व, भाई-चारे और कानून की मर्यादा के साथ अपना जीवन व्यतीत करें। किसी भी समूह का ऐसा व्यवहार जो नफ़रत, विभाजन या सामाजिक भेदभाव को बढ़ावा दे, उसे किसी भी परिस्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता।

मुस्लिम यूथ ऑर्गेनाइजेशन ऑफ इंडिया (MYO) यह मांग करता है कि:
1.कानून प्रवर्तन संस्थाएं तुरंत इस तरह की गतिविधियों की जांच करें और दोषियों पर सख्त एक्शन लिया जाए
2.ऐसी साज़िशों और कट्टरतावादी प्रथाओं पर प्रतिबंध लगाया जाए, जो देश में साम्प्रदायिक तनाव फैलाती हैं।
3.सभी समुदाय एक दूसरे की आस्था, संस्कृति और विश्वास का सम्मान करें और सामाजिक शान्ति के साथ आगे बढ़ें।
हम यह भी कहते हैं कि देश में सभी धर्मों और समुदायों के युवाओं को एकजुटता, भाईचारा और राष्ट्रीय एकता के लिए काम करना चाहिए, न कि विभाजन या हथियारबंदी के लिए।
मौलाना मुहम्मद जफरुद्दीन बरकाती (संयोजक)
मुस्लिम यूथ ऑर्गेनाइजेशन ऑफ इंडिया
